डिजिटल भुगतान व उसमें हो रही धोखाधड़ी से बचाव को लेकर हमको जागरूक रहना चाहिए,जिसके लिए अपडेट होना बेहद जरूरी है.. डॉ.मंजरी अग्रवाल

देहरादून/हल्द्वानी

उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालयव व पाल कॉलेज ऑफ़ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी ने साथ मिलकर बुधवार 29 मई को डिजिटल भुगतान प्रोद्योगिकी तथा साइबर सिक्योरिटी के सम्बन्ध में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

यह कार्यक्रम हल्द्वानी के पाल कॉलेज ऑफ़ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी में आयोजित किया गया था।

कार्यक्रम में परियोजना की मुख्य शोध पर्यवेक्षक डॉ. मंजरी अग्रवाल ने शिक्षार्थियों एवं संकाय सदस्यों को डिजिटल भुगतान को अपनाने की जानकारी दी।

जबकि परियोजना की सह शोध पर्यवेक्षक डॉ प्रिया महाजन व सोमेश पाठक ने डिजिटल पेमेंट की विधियों के विषय में विस्तार से जानकारी दी। कार्यशाला में साइबर सिक्योरिटी के विशेषज्ञ के रूप में अनुराग भट्ट ने डिजिटल फ्रॉड से बचने के सम्बन्ध में लोगों को महत्वपूर्ण जानकारी दी।

इस दौरान प्रतिभागियों को भारत में उपलब्ध विभिन्न डिजिटल भुगतान तकनीकों के विषय में तथा साइबर सुरक्षा और ऑनलाइन धोखाधड़ी को रोकने के लिए डिजिटल भुगतान विधियों का उपयोग करते समय अपनाए जाने वाले कई सुरक्षा उपायों के बारे में भी बताया गया। पाल कॉलेज के सलाहकार डॉ. केके पांडे ने कहा कि यह आज की आवश्यकता है। उन्होंने टीम को स्थानीय समुदाय में इस तरह के और कार्यक्रम आयोजित करने के लिए प्रेरित किया।

कार्यशाला के प्रारम्भ में डॉ सुबो चटोपाध्याय, डायरेक्टर पाल कॉलेज ऑफ़ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी ने आगुन्तको का स्वागत किया। कार्यशाला यूसर्क द्वारा वित्त पोषित शोध परियोजना के अंतर्गत आयोजित की गयी। यह जागरूकता कार्यक्रम उत्तराखण्ड के अलग-अलग हिस्सों में चलाया जा रहा है |

इस दौरान डॉ. किरण सती, डॉ. नेहा भट्ट, ललिता सैनी तथा तनुजा पांडे आदि का सहयोग रहा। कार्यक्रम के अंत में डॉ. मंजरी अग्रवाल ने सभी को धन्यवाद ज्ञापित किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *